
नई दिल्ली :मालवीय नगर इलाके में हुए भीषण अग्निकांड के दौरान दिल्ली पुलिस के हेड कांस्टेबल दिनेश यादव ने अपनी जान जोखिम में डालकर दो महिलाओं को सुरक्षित बाहर निकालकर मिसाल पेश की। आग और धुएं से भरी इमारत में प्रवेश करते समय उन्हें खुद के बचने की उम्मीद नहीं थी, लेकिन उन्होंने हिम्मत नहीं हारी।
दिनेश यादव ने बताया कि उन्होंने कांच तोड़कर इमारत के अंदर प्रवेश किया। बाथरूम में एक अफ्रीकी मूल की महिला अपनी केयरटेकर के साथ फंसी हुई थी। उन्होंने दोनों को किसी तरह सुरक्षित बाहर निकाला।
रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान दिनेश यादव भी घायल हो गए। उन्होंने बताया कि चारों तरफ धुआं होने के कारण सांस लेने में दिक्कत हो रही थी और वह कुछ समय के लिए बेहोश भी हो गए थे। उन्होंने कहा, “लग नहीं रहा था कि बचूंगा, लेकिन मेरी बेटी का चेहरा सामने आ रहा था, उसी ने मुझे हिम्मत दी।”
इस साहसिक कार्य के बाद स्थानीय लोगों और पुलिस विभाग ने हेड कांस्टेबल दिनेश यादव की बहादुरी की सराहना की है। उनका यह कदम कर्तव्यनिष्ठा और मानवता की एक प्रेरणादायक मिसाल बन गया है।

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